कहीं आप भी तो डायबिटीज के शिकार नहीं ????

diabetesकहा जाता है कि डायबिटीज सारी बीमारियों की जड़ है। अगर एक बार डायबिटीज किसी को हो गई तो यह जिंदगी भर उस शख्स को घेरे रखती है।

 जानें, क्या हैं डायबिटीज के लक्षण:-

बार-बार वॉशरूम जाना- डायबिटीज पेशेंट के लिए खाना पचाना थोड़ा मुश्किल हो जाता है जिसके चलते मरीज को बार-बार वॉशरूम जाना पड़ता है।

ज्यादा पानी पीना- बार बार वॉशरूम जाने के बाद शरीर में पानी की कमी हो जाएगी जिसके बाद प्यास लगेगी। ऐसे में कुछ लोग अपनी प्यास बुझाने के लिए जूस, सोडा, चॉकलेट मिल्क आदि चीजें खाते पीते रहते हैं। शुगर से बनी और पैक्ड इन चीजों को लेने से मरीज की परेशानी और बढ़ जाती है।

वजन घटना- वजन ज्यादा होना डायबिटीज के खतरे को बढ़ाता है वहीं वजन कम होना भी डायबिटीज होने का एक संकेत हो सकता है। डॉक्टरों के अनुसार वजन कम होने के दो कारण हो सकते हैं, पहला बार-बार वॉशरूम जाना और दूसरा ब्लड में मौजूद कैलोरी को अवजॉर्ब ना कर पाना।

अचानक कमजोरी महसूस होना और भूख लगना- डायबिटीज के मरीज अचानक कमजोरी महसूस करने लगते हैं। जब पेशंट को हाई ब्लड शुगर होता है तो शरीर ग्लूकोज को मैनेज करने में परेशानी होती है।

हमेशा थकान रहना– काम करने के दौरान या बाद में थकान होना आम बात है लेकिन हमेशा थकान बनी रहती है तो यह संकेत है कि आपको अपनी सेहत पर ध्यान देने और चेकअप करवाने की जरूरत है। टाइप-2 डायबिटीज में मरीज का शुगर लेवल कुछ समय के लिए बढ़ जाता है। तो इसके लक्षण धीरे-धीरे नजर आते हैं।

मूडी और गुस्सैल होना- ब्लड में शुगर लेवल के ठीक ना होने पर मरीज अक्सर मूडी हो जाता है और उसे जल्दी गुस्सा आने लगता है। डायबिटीज के पेशेंट के लक्षण, डिप्रेशन के पेशेंट के लक्षण जैसे ही लगते हैं। मरीज का बाहर जाने का मन नहीं करता, कुछ करने का मन नहीं करता, केवल सोने का मन करता है।

ठीक से ना देख पाना- डायबिटीज के शुरुआती स्टेज में ठीक तरह से देखने में दिक्कत होती है। लेकिन ऐसा नहीं है कि इससे आंखों की रौशनी के खत्म होने का डर है। 6 से 8 हफ्ते के बाद ब्लड शुगर के स्थिर होने पर आंखों से ठीक दिखने लगता है।

किसी भी चोट या जख्म का धीरे ठीक होना- अगर शरीर पर लगी कोई भी चोट देर में ठीक होती है तो अपनी जांच जरूर करवाएं, ये डायबिटीज का संकेत हो सकता है।

पैरों में झनझनाहट होना- डायबिटीज के कारण पैरों में झनझनाहट महसूस होने लगती है।

इंफेक्शन का जल्द ठीक ना होना- शरीर में ग्लूकोज की कमी के कारण, बीमारियों से लड़ने की क्षमता भी कम हो जाती है जिसके कारण स्किन इंफेक्शन के साथ और कई तरह के इंफेक्शन भी हो जाते हों जल्दी ठीक नहीं होते।

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Author: Hindi Desk

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