परम पूज्य स्वामी राजेश्वरानंद सरस्वती जी का यह भजन परमात्मा और प्रकृति के अद्भुत संयोग का समागम है। मिट्टी काली पीली…..हरे वन…..आसमान का रंग नीला, सूर्य सुनहरा चन्द्रमा शीतल…..सबकुछ उसकी है लीला सबके भीतर […]

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